जनांतिक
जन से जन की बातें
सोमवार, 3 मार्च 2008
पर्रिवतन 1
आस्था में पर्रिवतन,
प्रतीकों का स्थानंतरण,
हो रहा हैं तेज गति से
क्या यह सत्य हैं
तुम कोई भी व्यवहार मन से नही ,
मस्ितष्क से करते हो
स्पष्ट दिखाई देता है
एक नया अजीबो गरीब
बनाया नया संसार ।
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